मैं हूं बालक तेरा तू है मालिक मेरा
मेरी बिगड़ी बनाना तेरा काम है
छोड़ दी मैंने किशति तेरे नाम पर
अब किनारे लगाना तेरा काम है
'नाम तेरा सदा मेरे लब पर रहे
दिल को तसकीन हो चैन मिलता रहे
तारे सारे यूही जगमगा ते रहे
चाँद बनकर के आना तेरा काम है
तू है शाहो का शाह मैं सवाली तेरा
आज सुन ले प्रभू मेरे मनकी सदा
मस्त हर दम रहूँ ऐसी मस्ती मिले
ऐसा अमृत पिलान तेरा काम है
मैं तो जीते जी सतगुर जी मर जाऊँगा
जान अपनी तेरे नाम कर जाऊँगा
होगी बदनामी किस की यह तू सोच ले
लाज रखना रखाना तेरा काम है।